छिंदवाड़ा में 15 दिन साथ रही लुटेरी दुल्हन:प्रेमी के साथ बाइक-जेवर लेकर भागी; दूसरी शादी के नाम पर ठगा, 4 गिरफ्तार
छिंदवाड़ा में 15 दिन साथ रही लुटेरी दुल्हन:प्रेमी के साथ बाइक-जेवर लेकर भागी; दूसरी शादी के नाम पर ठगा, 4 गिरफ्तार
छिंदवाड़ा के नवेगांव थाना क्षेत्र में दूसरी शादी का झांसा देकर एक ग्रामीण से ठगी और चोरी का मामला सामने आया है। ठग गिरोह ने अकेले रह रहे व्यक्ति के घर एक महिला को फर्जी पत्नी बनाकर भेजा। वह 15-20 दिन साथ रही और मौका पाकर अपने प्रेमी (जिसे भाई बताया था) के साथ घर से नई बाइक, जेवर, मोबाइल और राशन लेकर फरार हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए फर्जी पत्नी समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि महिला का प्रेमी अभी फरार है। ग्राम सिमरिया सागर निवासी मधु विश्वकर्मा की पहली पत्नी का देहांत हो चुका था और उनकी कोई संतान नहीं थी। अकेलेपन के कारण वे दूसरी शादी करना चाहते थे। इसी मजबूरी का फायदा उठाते हुए ठग गिरोह ने उन्हें अपने जाल में फंसा लिया। 10 हजार रुपए लेकर फर्जी शादी कराई पुलिस जांच में सामने आया कि साजिश का मास्टरमाइंड ग्राम कोठार निवासी बलराम नागवंशी है। उसने मधु को भरोसे में लिया और अपने साथी शिवजी टांडेकर और मुकेश सूर्यवंशी के साथ मिलकर संध्या विश्वकर्मा नाम की महिला को दूसरी पत्नी के रूप में पेश किया। 22 दिसंबर 2025 को नवेगांव में मुलाकात कराई गई। आरोपियों ने कागजी कार्रवाई बाद में करने की बात कहकर मधु से शादी के नाम पर 10 हजार रुपए ठग लिए और संध्या को पत्नी बनाकर विदा कर दिया। प्रेमी को भाई बताकर बुलाया और माल समेटा योजना के मुताबिक, संध्या करीब 15-20 दिन तक मधु के घर में पत्नी बनकर रही ताकि किसी को शक न हो। मधु ने उसके लिए साड़ी, जेवर और अन्य सामान भी खरीदा। इसी दौरान संध्या ने अपने प्रेमी को ‘छोटा भाई’ बताकर घर बुला लिया। 10 जनवरी 2026 को दोपहर में मौका पाकर संध्या और उसका प्रेमी घर से नई हीरो स्प्लेंडर प्लस बाइक, चांदी की चेन, मोबाइल फोन और करीब 30-35 किलो गेहूं (कुल मशरूका लगभग 1 लाख 8 हजार रुपए) लेकर फरार हो गए। पुलिस ने 4 आरोपियों को जेल भेजा ठगी का अहसास होने पर मधु विश्वकर्मा ने 13 जनवरी को नवेगांव थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। थाना प्रभारी उप निरीक्षक तरुण सिंह मरकाम के नेतृत्व में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों में चार आरोपियों- संध्या विश्वकर्मा (फर्जी पत्नी), बलराम नागवंशी, मुकेश सूर्यवंशी और शिवजी टांडेकर को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों से 10 हजार रुपए नकद और मोबाइल जब्त किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर सभी को जेल भेज दिया है। गिरोह का पुराना क्रिमिनल रिकॉर्ड पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपियों के खिलाफ पहले से चोरी, लूट और मारपीट के आपराधिक रिकॉर्ड दर्ज हैं। यह एक संगठित ठग गिरोह है। वारदात में शामिल संध्या का प्रेमी अभी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
छिंदवाड़ा के नवेगांव थाना क्षेत्र में दूसरी शादी का झांसा देकर एक ग्रामीण से ठगी और चोरी का मामला सामने आया है। ठग गिरोह ने अकेले रह रहे व्यक्ति के घर एक महिला को फर्जी पत्नी बनाकर भेजा। वह 15-20 दिन साथ रही और मौका पाकर अपने प्रेमी (जिसे भाई बताया था) के साथ घर से नई बाइक, जेवर, मोबाइल और राशन लेकर फरार हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए फर्जी पत्नी समेत 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि महिला का प्रेमी अभी फरार है। ग्राम सिमरिया सागर निवासी मधु विश्वकर्मा की पहली पत्नी का देहांत हो चुका था और उनकी कोई संतान नहीं थी। अकेलेपन के कारण वे दूसरी शादी करना चाहते थे। इसी मजबूरी का फायदा उठाते हुए ठग गिरोह ने उन्हें अपने जाल में फंसा लिया। 10 हजार रुपए लेकर फर्जी शादी कराई पुलिस जांच में सामने आया कि साजिश का मास्टरमाइंड ग्राम कोठार निवासी बलराम नागवंशी है। उसने मधु को भरोसे में लिया और अपने साथी शिवजी टांडेकर और मुकेश सूर्यवंशी के साथ मिलकर संध्या विश्वकर्मा नाम की महिला को दूसरी पत्नी के रूप में पेश किया। 22 दिसंबर 2025 को नवेगांव में मुलाकात कराई गई। आरोपियों ने कागजी कार्रवाई बाद में करने की बात कहकर मधु से शादी के नाम पर 10 हजार रुपए ठग लिए और संध्या को पत्नी बनाकर विदा कर दिया। प्रेमी को भाई बताकर बुलाया और माल समेटा योजना के मुताबिक, संध्या करीब 15-20 दिन तक मधु के घर में पत्नी बनकर रही ताकि किसी को शक न हो। मधु ने उसके लिए साड़ी, जेवर और अन्य सामान भी खरीदा। इसी दौरान संध्या ने अपने प्रेमी को ‘छोटा भाई’ बताकर घर बुला लिया। 10 जनवरी 2026 को दोपहर में मौका पाकर संध्या और उसका प्रेमी घर से नई हीरो स्प्लेंडर प्लस बाइक, चांदी की चेन, मोबाइल फोन और करीब 30-35 किलो गेहूं (कुल मशरूका लगभग 1 लाख 8 हजार रुपए) लेकर फरार हो गए। पुलिस ने 4 आरोपियों को जेल भेजा ठगी का अहसास होने पर मधु विश्वकर्मा ने 13 जनवरी को नवेगांव थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। थाना प्रभारी उप निरीक्षक तरुण सिंह मरकाम के नेतृत्व में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुछ ही घंटों में चार आरोपियों- संध्या विश्वकर्मा (फर्जी पत्नी), बलराम नागवंशी, मुकेश सूर्यवंशी और शिवजी टांडेकर को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों से 10 हजार रुपए नकद और मोबाइल जब्त किया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर सभी को जेल भेज दिया है। गिरोह का पुराना क्रिमिनल रिकॉर्ड पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपियों के खिलाफ पहले से चोरी, लूट और मारपीट के आपराधिक रिकॉर्ड दर्ज हैं। यह एक संगठित ठग गिरोह है। वारदात में शामिल संध्या का प्रेमी अभी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।