मृणाल को युवा रत्न सम्मान, जनपद उपाध्यक्ष ने दी बधाई

छत्तीसगढ़ संवाददाता महासमुंद, 16 जनवरी। वरिष्ठ पत्रकार उत्तरा विदानी की बेटी मृणाल विदानी ने विज्ञान और अनुसंधान के क्षेत्र में अपनी विलक्षण प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए पूरे प्रदेश में महासमुंद का नाम रोशन किया है। मृणाल को उनके अद्भुत नवाचार के लिए छत्तीसगढ़ शासन द्वारा युवा रत्न सम्मान से सम्मानित किया गया है। मुख्यमंत्री के हाथों यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त कर नगर आगमन पर जनपद पंचायत उपाध्यक्ष हुलसी जितेंद्र चंद्राकर ने अपनी नारी शक्ति महिला टीम के साथ मृणाल के निवास पहुँचकर उनका आत्मीय अभिनंदन किया और शाल व गुलदस्ता भेंट कर उन्हें प्रोत्साहित किया। मृणाल विदानी की यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक वस्तुओं जैसे कोसे (रेशम), चेंच भाजी और गोबर खरसी की राख का उपयोग कर फॉरेंसिक सामग्री विकसित की है। उनके इस अनूठे और प्रेरक शोध की महत्ता को देखते हुए भारत सरकार द्वारा इसे कॉपीराइट भी प्रदान किया गया है। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों से फॉरेंसिक साइंस जैसे जटिल क्षेत्र में नई तकनीक विकसित करना मृणाल की दूरदर्शी सोच और कड़ी मेहनत का परिणाम है। इस अवसर पर जनपद उपाध्यक्ष हुलसी जितेंद्र चंद्राकर ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा, मृणाल ने अपनी मेधा शक्ति से यह सिद्ध कर दिया है कि हमारी पारंपरिक पहचान और आधुनिक विज्ञान का मेल बड़े बदलाव ला सकता है। चेंच भाजी और गोबर की राख जैसे स्थानीय तत्वों से फॉरेंसिक शोध करना और उसे भारत सरकार से कॉपीराइट दिलाना हम सभी के लिए गर्व का क्षण है। मृणाल की यह सफलता जिले की हर उस बेटी के लिए प्रेरणा है जो विज्ञान और नवाचार के क्षेत्र में आगे बढऩा चाहती है। श्रीमती चंद्राकर और नारी शक्ति टीम ने वरिष्ठ पत्रकार श्रीमती उत्तरा विदानी को भी अपनी शुभकामनाएं दीं और कहा कि ऐसी होनहार बेटियां ही समाज की असली च्रत्नज् हैं। मृणाल की इस वैज्ञानिक उपलब्धि और मुख्यमंत्री से मिले सम्मान पर नगर के प्रबुद्ध नागरिकों और शिक्षाविदों ने भी उन्हें उज्ज्वल भविष्य की ढेरों मंगलकामनाएं प्रेषित की हैं। नारी शक्ति सदस्य शीलू चंद्राकर कुसुम चंद्राकर उषा चंद्राकर सरला चंद्राकर नेमिन चंद्राकर लक्ष्मी चंद्राकर सरोज चंद्राकर भगवती चंद्राकर साथ रही।

मृणाल को युवा रत्न सम्मान, जनपद उपाध्यक्ष ने दी बधाई
छत्तीसगढ़ संवाददाता महासमुंद, 16 जनवरी। वरिष्ठ पत्रकार उत्तरा विदानी की बेटी मृणाल विदानी ने विज्ञान और अनुसंधान के क्षेत्र में अपनी विलक्षण प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए पूरे प्रदेश में महासमुंद का नाम रोशन किया है। मृणाल को उनके अद्भुत नवाचार के लिए छत्तीसगढ़ शासन द्वारा युवा रत्न सम्मान से सम्मानित किया गया है। मुख्यमंत्री के हाथों यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त कर नगर आगमन पर जनपद पंचायत उपाध्यक्ष हुलसी जितेंद्र चंद्राकर ने अपनी नारी शक्ति महिला टीम के साथ मृणाल के निवास पहुँचकर उनका आत्मीय अभिनंदन किया और शाल व गुलदस्ता भेंट कर उन्हें प्रोत्साहित किया। मृणाल विदानी की यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक वस्तुओं जैसे कोसे (रेशम), चेंच भाजी और गोबर खरसी की राख का उपयोग कर फॉरेंसिक सामग्री विकसित की है। उनके इस अनूठे और प्रेरक शोध की महत्ता को देखते हुए भारत सरकार द्वारा इसे कॉपीराइट भी प्रदान किया गया है। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध संसाधनों से फॉरेंसिक साइंस जैसे जटिल क्षेत्र में नई तकनीक विकसित करना मृणाल की दूरदर्शी सोच और कड़ी मेहनत का परिणाम है। इस अवसर पर जनपद उपाध्यक्ष हुलसी जितेंद्र चंद्राकर ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा, मृणाल ने अपनी मेधा शक्ति से यह सिद्ध कर दिया है कि हमारी पारंपरिक पहचान और आधुनिक विज्ञान का मेल बड़े बदलाव ला सकता है। चेंच भाजी और गोबर की राख जैसे स्थानीय तत्वों से फॉरेंसिक शोध करना और उसे भारत सरकार से कॉपीराइट दिलाना हम सभी के लिए गर्व का क्षण है। मृणाल की यह सफलता जिले की हर उस बेटी के लिए प्रेरणा है जो विज्ञान और नवाचार के क्षेत्र में आगे बढऩा चाहती है। श्रीमती चंद्राकर और नारी शक्ति टीम ने वरिष्ठ पत्रकार श्रीमती उत्तरा विदानी को भी अपनी शुभकामनाएं दीं और कहा कि ऐसी होनहार बेटियां ही समाज की असली च्रत्नज् हैं। मृणाल की इस वैज्ञानिक उपलब्धि और मुख्यमंत्री से मिले सम्मान पर नगर के प्रबुद्ध नागरिकों और शिक्षाविदों ने भी उन्हें उज्ज्वल भविष्य की ढेरों मंगलकामनाएं प्रेषित की हैं। नारी शक्ति सदस्य शीलू चंद्राकर कुसुम चंद्राकर उषा चंद्राकर सरला चंद्राकर नेमिन चंद्राकर लक्ष्मी चंद्राकर सरोज चंद्राकर भगवती चंद्राकर साथ रही।