शिवपुरी में सूखे तालाब के दलदल में फंसे गाय-बछड़े:गौसेवकों ने सूचना पर पहुंचकर सुरक्षित बाहर निकाला

शिवपुरी जिले की कोलारस तहसील के रिजोदा गांव में शनिवार दोपहर एक गाय और उसका बछड़ा सूखे तालाब के दलदल में फंस गए। पानी की तलाश में तालाब में उतरे ये मवेशी कम पानी के कारण बने दलदल में फंस गए थे। गांव के गौसेवक शिवकुमार रघुवंशी और दिलीप रघुवंशी ने सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचकर उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। बढ़ती गर्मी और सूखते जल स्रोतों के कारण मवेशियों के लिए खतरा बढ़ गया है। शिवपुरी में पारा 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में जल स्रोत तेजी से सूख रहे हैं। इसी वजह से पशु-पक्षियों के सामने पानी का संकट खड़ा हो गया है। घटना की जानकारी गांव के किसान राजीव रघुवंशी ने गौसेवकों शिवकुमार रघुवंशी और दिलीप रघुवंशी को दी। सूचना मिलते ही दोनों गौसेवक तत्काल मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद गाय और बछड़े को दलदल से बाहर निकालने में सफल रहे। यह गाय गांव के ही बीनू सैन की बताई जा रही है। समय रहते रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने से एक बड़ा हादसा टल गया।

शिवपुरी में सूखे तालाब के दलदल में फंसे गाय-बछड़े:गौसेवकों ने सूचना पर पहुंचकर सुरक्षित बाहर निकाला
शिवपुरी जिले की कोलारस तहसील के रिजोदा गांव में शनिवार दोपहर एक गाय और उसका बछड़ा सूखे तालाब के दलदल में फंस गए। पानी की तलाश में तालाब में उतरे ये मवेशी कम पानी के कारण बने दलदल में फंस गए थे। गांव के गौसेवक शिवकुमार रघुवंशी और दिलीप रघुवंशी ने सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचकर उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। बढ़ती गर्मी और सूखते जल स्रोतों के कारण मवेशियों के लिए खतरा बढ़ गया है। शिवपुरी में पारा 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में जल स्रोत तेजी से सूख रहे हैं। इसी वजह से पशु-पक्षियों के सामने पानी का संकट खड़ा हो गया है। घटना की जानकारी गांव के किसान राजीव रघुवंशी ने गौसेवकों शिवकुमार रघुवंशी और दिलीप रघुवंशी को दी। सूचना मिलते ही दोनों गौसेवक तत्काल मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद गाय और बछड़े को दलदल से बाहर निकालने में सफल रहे। यह गाय गांव के ही बीनू सैन की बताई जा रही है। समय रहते रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने से एक बड़ा हादसा टल गया।