Bastar News Update: राष्ट्रपति के आगमन से पहले लालबाग क्षेत्र अभेद्य सुरक्षा घेरे में… सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल: इमारत खड़ी, इलाज अधूरा… नाइट एक्सप्रेस का समय बना यात्रियों की परेशानी… पेंशन के लिए घूस लेते बाबू रंगे हाथ गिरफ्तार… घरेलू हिंसा पर डिप्टी मैनेजर भेजा गया जेल…
जगदलपुर। लालबाग मैदान में 7 फरवरी से शुरू होने वाले तीन दिवसीय बस्तर पंडुम महोत्सव को लेकर शहर हाई अलर्ट पर है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के आगमन को देखते हुए सुरक्षा और यातायात की व्यापक योजना बनाई गई है.
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प्रशासन ने शहर को अस्थायी छावनी में तब्दील करते हुए कई मार्गों पर समयबद्ध प्रतिबंध लागू किए हैं. सुबह 9 बजे से दोपहर 1 बजे तक वीआईपी मूवमेंट के दौरान मुख्य सड़कों पर आम आवागमन रोका जाएगा. कुम्हारपारा चौक से लालबाग मैदान तक पूरा वीआईपी कॉरिडोर सील रहेगा. नागरिकों की सुविधा के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की गई है. कार्यक्रम में आने वालों के लिए गणपति रिसोर्ट मैदान, आमगुड़ा पेट्रोल पंप के पास और कुम्हड़ाकोट में पार्किंग तय की गई है.
मीडिया और वीआईपी वाहनों के लिए सनसिटी–चित्रांश भवन के पास अलग पार्किंग रहेगी. प्रवेश व्यवस्था भी पास के अनुसार निर्धारित की गई है. सांस्कृतिक दल, छात्राएं और आम दर्शकों के लिए अलग-अलग गेट चिन्हित किए गए हैं. प्रशासन ने समय से पहुंचने और निर्देशों का पालन करने की अपील की है.
सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल: इमारत खड़ी, इलाज अधूरा
जगदलपुर। जगदलपुर का सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल बस्तरवासियों के लिए राहत का केंद्र बनना था, लेकिन अब सवालों में है. दिल, किडनी और न्यूरो इलाज के लिए बाहर जाने की मजबूरी खत्म करने का दावा अब खोखला दिख रहा है.
240 बिस्तरों वाला अस्पताल शुरू तो हो गया, लेकिन विशेषज्ञ डॉक्टरों की भारी कमी है. कई विभागों में आधुनिक मशीनें मौजूद हैं, पर उन्हें संचालित करने वाले विशेषज्ञ नहीं. ओपीडी को आनन-फानन में शुरू कर दिया गया, लेकिन परामर्श की व्यवस्था कमजोर बनी हुई है. आईसीयू और आपात सेवाओं के 24 घंटे संचालन के दावे जमीन पर पूरे नहीं उतर रहे.
गंभीर मरीजों को आज भी बड़े शहरों में रेफर किया जा रहा है. सरकारी दरों पर इलाज का वादा, निजी मॉडल की कार्यप्रणाली में उलझता दिख रहा है. मरीजों से शुल्क लिया जा रहा है, लेकिन सुविधाएं अधूरी हैं. अब सवाल यह है कि करोड़ों की लागत से बनी यह व्यवस्था आम जनता को कब राहत देगी. स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर प्रशासनिक निगरानी की जरूरत महसूस की जा रही है.
प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में आस्था और परंपरा का भव्य संगम
जगदलपुर। नगर के डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी वार्ड में नवनिर्मित श्री ओंकारेश्वर मंदिर भक्तिरस में डूबा नजर आया. पांच दिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के चौथे दिन विशेष वैदिक अनुष्ठान संपन्न हुए. अभिजीत मुहूर्त में भगवान ओंकारेश्वर सहित विग्रहों की विधिवत प्राण प्रतिष्ठा की गई.
सुबह गौ-पूजन और मंदिर शुद्धिकरण के साथ धार्मिक अनुष्ठानों की शुरुआत हुई. गर्भगृह में विग्रह प्रवेश के साथ ही जयकारों से वातावरण गूंज उठा. महादेव का भव्य अभिषेक और श्रृंगार श्रद्धालुओं को भावविभोर कर गया. संध्या काल में 360 दीपों के महादान से मंदिर परिसर दीपोत्सव में बदल गया. महाआरती में बड़ी संख्या में वार्डवासी शामिल हुए. विद्वान पंडितों के मार्गदर्शन में समय और विधि का विशेष ध्यान रखा गया. श्रद्धालुओं की भीड़ देर रात तक दर्शन के लिए उमड़ी रही.
नाइट एक्सप्रेस का समय बना यात्रियों की परेशानी
दंतेवाड़ा। विशाखापटनम–किरंदुल नाइट एक्सप्रेस का समय यात्रियों के लिए बड़ी समस्या बन गया है. यह ट्रेन सुबह 5 बजे जगदलपुर से रवाना होती है, जब शहर में परिवहन सुविधा न के बराबर रहती है. ऑटो और टैक्सी न मिलने से यात्री स्टेशन नहीं पहुंच पाते. परिणामस्वरूप ट्रेन जगदलपुर से किरंदुल तक लगभग खाली जाती है.
तीन वर्षों से नागरिक ट्रेन का समय सुबह 7 बजे करने की मांग कर रहे हैं. रेल यात्रा सस्ती होने के बावजूद लोग बस से जाने को मजबूर हैं. दंतेवाड़ा और किरंदुल की बस यात्रा यात्रियों पर आर्थिक बोझ बढ़ा रही है. ट्रेन किराया कम होने के बावजूद समय सारणी बाधा बन रही है. किरंदुल पहुंचकर ट्रेन घंटों खड़ी रहती है, फिर शाम को लौटती है. यदि समय बदला जाए, तो सैकड़ों यात्रियों को सीधा लाभ मिल सकता है. यात्री उम्मीद लगाए बैठे हैं कि मांग पर जल्द निर्णय लिया जाएगा.
उपभोक्ता आयोग का सख्त संदेश: मनमानी पड़ेगी भारी
जगदलपुर। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल को जिला उपभोक्ता आयोग से बड़ा झटका लगा है. भवन आवंटन मामले में सेवा में कमी मानते हुए मंडल के खिलाफ फैसला सुनाया गया.
आयोग ने उपभोक्ता को 22.55 लाख रुपये की राशि लौटाने का आदेश दिया है. इसके साथ 3 वर्षों का 7.5 प्रतिशत ब्याज भी देना होगा. मानसिक पीड़ा के लिए 20 हजार रुपये अतिरिक्त क्षतिपूर्ति तय की गई है. आयोग ने स्पष्ट किया कि नियमों के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. भवन निर्माण में तय क्षेत्रफल और गुणवत्ता से समझौता सामने आया. राशि लौटाते समय ब्याज न देना सेवा में गंभीर कमी माना गया. निर्णय एक माह के भीतर पालन करने के निर्देश दिए गए हैं. यह फैसला उपभोक्ताओं के अधिकारों को मजबूत करता है.
पेंशन फाइल में घूस: बाबू रंगे हाथ गिरफ्तार
जगदलपुर। पेंशन प्रकरण में रिश्वतखोरी का मामला सामने आने से शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हुए हैं. बीईओ कार्यालय में पदस्थ बाबू सतीश सोढ़ी को 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा गया. एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को रंगे हाथों गिरफ्तार किया.
पीड़ित लंबे समय से पेंशन फाइल आगे बढ़ाने के लिए चक्कर काट रहा था. आरोपी लगातार पैसों की मांग कर रहा था. शिकायत के बाद एसीबी ने जाल बिछाकर कार्रवाई की. बीईओ कार्यालय में इससे पहले भी रिश्वत के मामले सामने आ चुके हैं. गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ जारी है. मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है. प्रशासन ने साफ किया कि भ्रष्टाचार पर सख्ती जारी रहेगी.
बोर्ड परीक्षा की तैयारियां पूरी, केंद्र और निगरानी बढ़ी
जगदलपुर। 20 फरवरी से शुरू हो रही 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट है. इस वर्ष परीक्षार्थियों की संख्या में बढ़ोतरी दर्ज की गई है. जिले में कुल 105 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं. अनियमितता रोकने के लिए 15 उड़नदस्ता दल गठित किए गए हैं.
16 फरवरी को प्रश्न पत्रों का वितरण किया जाएगा. प्रश्न पत्र संबंधित थानों में सुरक्षित रखे जाएंगे. परीक्षा दिवस की सुबह ही केंद्रों तक पहुंचाए जाएंगे. शासकीय विद्यालयों को प्राथमिकता दी गई है. कम परीक्षार्थी वाले कुछ केंद्रों को सूची से हटाया गया है. प्रशासन का दावा है कि परीक्षाएं शांतिपूर्ण और पारदर्शी होंगी.
घरेलू हिंसा पर सख्ती: डिप्टी मैनेजर जेल भेजा गया
दंतेवाड़ा। बचेली में घरेलू हिंसा के एक गंभीर मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है. एनएमडीसी ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट में पदस्थ डिप्टी मैनेजर को गिरफ्तार किया गया. पत्नी की शिकायत पर पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने बुलाया था. समझाइश के दौरान आरोपी ने पुलिस के सामने ही अभद्र व्यवहार किया. स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने तत्काल हिरासत में लिया. आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की गई. मामला अनुविभागीय न्यायालय में पेश किया गया. न्यायालय ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजने के आदेश दिए.
पुलिस ने स्पष्ट किया कि महिलाओं के खिलाफ हिंसा पर सख्त रुख रहेगा. कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे मामलों में शून्य सहनशीलता अपनाई जाएगी.